
नोआमुंडी, 31 मई: विश्व तंबाकू निषेध दिवस के अवसर पर रविवार को टाटा मेन हॉस्पिटल (TMH), नोआमुंडी द्वारा तंबाकू सेवन के दुष्प्रभावों के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। इस वर्ष की थीम “अपील को उजागर करना: निकोटीन और तंबाकू की लत का मुकाबला करना” पर आधारित जागरूकता सत्रों में कर्मचारियों, संविदाकर्मियों, सुरक्षाकर्मियों, स्वास्थ्यकर्मियों और विद्यार्थियों को तंबाकू व निकोटीन की लत के दुष्प्रभावों, कैंसर, हृदय रोग, मातृ-शिशु स्वास्थ्य और पर्यावरण पर पड़ने वाले प्रभावों के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई।

इस अवसर पर आयोजित एक भव्य जागरूकता रैली में लगभग 170 लोगों ने भाग लिया, जिनमें नोआमुंडी कॉलेज के 65-70 विद्यार्थी, शिक्षक, सुरक्षाकर्मी तथा टीएमएच के डॉक्टर एवं स्वास्थ्यकर्मी शामिल थे। रैली को मुख्य अतिथि अवनीश कुमार (चीफ-माइन प्लानिंग एंड प्रोजेक्ट्स) ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस रैली ने अस्पताल परिसर, मुख्य सड़क, नोआमुंडी बाजार एवं आसपास के क्षेत्रों का भ्रमण कर आमजन के बीच तंबाकू विरोधी संदेश पहुंचाया तथा पंपलेट वितरित किए। इस कार्यक्रम में पहली बार नोआमुंडी कॉलेज के विद्यार्थियों की सक्रिय और उत्साहजनक भागीदारी को विशेष रूप से सराहा गया।
रैली के उपरांत टीएमएच-नोआमुंडी में आयोजित मुख्य जागरूकता सत्र में लगभग 150 लोग उपस्थित थे। इस कार्यक्रम को डॉ. एएस चटर्जी, डॉ. एके मोहंती, डॉ. सुचिस्मिता दास, डॉ. ओम प्रकाश एवं डॉ. संगीता भद्रा सहित अन्य वरिष्ठ चिकित्सकों ने संबोधित किया

और लोगों से स्वस्थ जीवनशैली अपनाने की अपील की। इससे पूर्व 29 और 30 मई को ओएचसी (OHC)-नोआमुंडी में दो विशेष सत्र चलाए गए थे, जिनमें लगभग 50-55 संविदाकर्मियों ने भाग लिया। वहीं 30 मई को जेआरडीटीटीआई (JRDTTI) एवं सुरक्षा विभाग के 75-80 कर्मचारियों के लिए भी एक विशेष सत्र का आयोजन किया गया था। कुल मिलाकर चार जागरूकता सत्रों और रैली के माध्यम से लगभग 350 लोगों को तंबाकू के दुष्प्रभावों और इसकी रोकथाम के उपायों की जानकारी दी गई। कार्यक्रम का समापन समाज को पूरी तरह तंबाकू मुक्त बनाने के सामूहिक संकल्प के साथ हुआ।
