
जिले के पांच प्रखंडों में यथा कुचाई, सरायकेला, राजनगर, नीमडीह और चांडिल से लगभग 2500 लोगो ने संगठन “युवा” के इस मुहिम में लिया हिस्सा
सरायकेला :: बाल विवाह से होने वाले भयंकर दुष्परिणाम एवम इससे समाज मे पड़ने वाले दुष्प्रभाव के प्रति आमजनों में जागरण लाने का बीड़ा उठाया है संगठन युवा(वाईयूवीए)। इसी के तहत शनिवार को सरायकेला खरसावां जिला अंतर्गत पांच प्रखंडों कुचाई, सरायकेला, राजनगर, नीमडीह और चांडिल में संगठन युवा ने कैलाश सत्यार्थी चिल्ड्रेन्स फाउंडेशन के सहयोग से कुप्रथा बालविवाह को लेकर आमजनों को जागरूक किया। संगठन के इस मुहिम में लगभग 2500 लोगों ने शिरकत की रैली निकाली एवम शपथ लिया कि – ” हम ना तो अपने बच्चों का विवाह बचपन में करेंगे और ना ही औरों को ऐसा करने देंगे।” मौजूद सभी लोगों ने प्रण लिया कि वे किसी भी ऐसे समारोह में सम्मिलित नहीं होंगे जिसमे बाल विवाह हो रहा हो एवं इसकी जानकारी संबंधित अधिकारियो तक पहुचायेंगे। मौके पर मौजूद युवा संस्था के प्रोजेक्ट कोऑर्डिनेटर प्रशांत शिखर एवम संस्था के अन्य कार्यकर्ताओं ( बबिता ,सुखदेव, सुकरंजन, दीनबंधु एवं मुकेश ) ने आमजनों को बालविवाह से होने वाले दुष्परिणामों के बारे में बहुत बारीकी से समझाया। साथ ही उन्होंने आमजनों से अपील करते हुए कहा कि बाल विवाह की जानकारी मिलने पर बाल विवाह प्रतिषेध अधिकारी ,अध्यक्ष बाल कल्याण समिति, स्थानीय पुलिस, आपातकालीन पुलिस सेवा 112, एवं चाइल्डलाइन 1098 को सूचना तुरंत दें। उन्होंने ये भी बताया की बाल विवाह निषेध नियम 2006 के अनुसार बाल विवाह गैर कानूनी है जिसमे बाल विवाह करवाने वाले व शामिल होने वाले सभी लोगो को दो साल की सजा या एक लाख रुपया जुर्माना या दोनों हो सकते हैं । यह जुर्म गैर जमानती है।
