
सरायकेला :: भाजपा नेता श्री कालूराम सेवा ट्रस्ट के अध्यक्ष सह पतंजलि योग पीठ के जिला प्रतिनिधि मनोज कुमार चौधरी ने क्षेत्रवासियों को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस की बधाई दी योग दिवस के अवसर पर मारवाड़ी युवा मंच और मारवाड़ी महिला समिति के संयुक्त तत्वाधान में आयोजित योग शिविर में उन्होंने भाग लिया उक्त अवसर पर उन्होंने कहा कि योग भारत की समस्त विश्व को एक अमूल्य भेंट हैं। योग तन और मन को स्वस्थ रखने में मददगार है मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य को बढ़ावा देने के उद्देश्य से BJP के नेता एवं देश के यशस्वी प्रधानमंत्री Narendra Modi जी की पहल पर आज दुनियाभर के 180 देशों में ‘अंतरराष्ट्रीय योग दिवस’ मनाया जा रहा है।

इस खास दिवस के माध्यम से लोगों को योग की अहमियत के बारे आकर्षित किया जाता है। योग आपको सेहतमंद रखने के साथ-साथ मानसिक रूप से भी प्रबल बनाने में मदद करता है। यह ना केवल आपके शरीर और मन को मजबूत बनाता है, बल्कि कई रोगों को भी दूर रखने में काफी असरदार है। भारत के महान ऋषि मनीषियों एवं वेद गुरुओं ने योग के द्वारा जीवन में आमूलचूल परिवर्तन का महामंत्र दिया है

और हमारे वर्तमान भारत के प्रधानमन्त्री नरेन्द्र मोदी जी प्रयासों और उनकी अपील के बाद 27 सितंबर 2014 को संयुक्त राष्ट्र महासभा में अन्तरराष्ट्रीय योग दिवस के प्रस्ताव को अमेरिका द्वारा मंजूरी दी। भारत के साथ विश्व के लोगों की उत्तम स्वास्थ्य की कामना से 21 जून 2015 में अंतरराष्ट्रीय योग दिवस की शुरुआत हुई और पिछले 2022 तक विश्व के लगभग 200 देशों द्वारा मनाया जाता रहा है। इस दिवस के माध्यम से लोगों का योग, प्राणायाम और ध्यान के प्रति उत्प्रेरित करना योग दिवस का एकमात्र उद्देश्य था।

जो काफी हद तक सफलीभूत होता दिख रहा है। आज के समय में बहुत से ध्यान केंद्रित करने के साधन उपलब्ध हैं। योग और प्राणायाम सबसे पुराना और समय के द्वारा परखा गया उपाय है। योग, प्राणायाम, ध्यान और साधना से जहां एक और स्वस्थ जीवन हासिल होगा। वही 99% असाध्य रोगों से मुक्ति पाई जा सकती है।योग से जहां एक और शरीर पुष्ट और स्वस्थ होगा वहीं दूसरी ओर ध्यान केंद्रित होने के कारण वह आपको आपके लक्ष्य के पास लेकर जाएगा। हालांकि ऐसा लगता है कि योग अधिकतर शारीरिक व्यायाम की पद्धति है, परंतु मानसिक व्यायाम भी करता है। इससे शरीर लचीला बनता है तथा रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है, तनाव दूर होता है, तंत्रिका तंत्र को विश्राम मिलता है तथा मन शांत होता है। प्राणायाम योग के आठ अंगों में से एक है। अष्टांग योग में आठ प्रक्रियाएँ होती हैं- यम, नियम, आसन, प्राणायाम, प्रत्याहार, धारणा, ध्यान, तथा समाधि । प्राणायाम = प्राण + आयाम । इसका शाब्दिक अर्थ है – ‘प्राण को लम्बा करना’ या ‘प्राण को लम्बा करना’। प्राण या श्वास का आयाम या विस्तार ही प्राणायाम कहलाता है। श्री चौधरी ने कहा कि आमजन ‘इंटरनेशनल योगा डे’ पर एक दूसरे को योग से जोड़े और उन्हें योग को अपने जीवन में शामिल करने के लिए प्रोत्साहित करें। मौके में सत्य किंकर साहू मारवाड़ी युवा मंच के अध्यक्ष आकाश अग्रवाल संजय सेक्सरिया अरुण सेकसरिया मारवाड़ी महिला मंच की अध्यक्ष रेखा सेक्सरिया इंदिरा अग्रवाल मधु अग्रवाल इत्यादि मुख्य रूप से मौजूद थे
