
बंदगांव। पश्चिमी सिंहभूम जिले के बंदगांव थाना में भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) की बड़ी कार्रवाई से पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है. जमशेदपुर एसीबी की टीम ने बंदगांव थाना प्रभारी मनीष कुमार को गुरुवार को 15 हजार रुपये रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया.जानकारी के अनुसार, बंदगांव थाना क्षेत्र के कारिका निवासी बिजराय मुंडू ने पुलिस अधीक्षक, एसीबी, जमशेदपुर को इस संबंध में लिखित शिकायत दी थी. शिकायतकर्ता के अनुसार, बंदगांव थाना कांड संख्या 07/2025 एनडीपीएस एक्ट के तहत दर्ज है. इस मामले में उसके बड़े भाई लाचो मुंडू उर्फ गुजु का नाम शामिल है.शिकायत में आरोप लगाया गया था कि मामले से लाचो मुंडू उर्फ गुजु का नाम हटाने के लिए बंदगांव थाना प्रभारी मनीष कुमार ने 20 हजार रुपये रिश्वत की मांग की थी. रिश्वत देने से इनकार करने के बाद शिकायतकर्ता बिजराय मुंडू ने इसकी शिकायत जमशेदपुर एसीबी से कर दी और आरोपी पुलिस अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की.शिकायत मिलने के बाद एसीबी की टीम ने गुप्त तरीके से पूरे मामले का सत्यापन कराया. जांच के दौरान रिश्वत मांगने की शिकायत सही पाए जाने के बाद एसीबी ने योजनाबद्ध तरीके से ट्रैप की कार्रवाई की योजना बनाई.गुरुवार को तय योजना के तहत जैसे ही शिकायतकर्ता ने बंदगांव थाना प्रभारी मनीष कुमार को रिश्वत की 15 हजार रुपये की राशि दी, पहले से मौजूद एसीबी की टीम ने कार्रवाई करते हुए उन्हें मौके पर ही रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया. बताया गया कि गुरुवार दिन में करीब 1.30 बजे उनके पास से रिश्वत के 15 हजार रुपये नगद बरामद किए गए.गिरफ्तारी के बाद एसीबी की टीम आरोपी पुलिस अधिकारी को अपने साथ जमशेदपुर ले गई, जहां उनसे आगे की पूछताछ की जा रही है. आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद आगे की कार्रवाई की जा रही है.इस मामले में पश्चिमी सिंहभूम के एसपी अमित रेणु ने कहा कि मामले की सूचना मिली है और इसकी जांच की जा रही है. उन्होंने कहा कि अगर एसीबी की कार्रवाई हुई है और आरोप सही पाए जाते हैं, तो संबंधित अधिकारी के खिलाफ विभागीय कार्रवाई भी की जाएगी.एसीबी की इस बड़ी कार्रवाई के बाद पश्चिमी सिंहभूम जिला पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है. यह कार्रवाई भ्रष्टाचार के खिलाफ एसीबी की सख्त कार्रवाई के रूप में देखी जा रही है.
