
प्रतिनिधि, नोवामुंडी भगवान जगन्नाथ की घुरति (वापसी) रथयात्रा श्रद्धा, भक्ति और उल्लास के साथ संपन्न हुई.महाप्रभु जगन्नाथ अपने भाई बलभद्र और बहन सुभद्रा के साथ न्यू टाउनशिप काली पूजा पंडाल स्थित मौसीबाड़ी से भव्य रथ पर सवार होकर गाजे-बाजे, हरिनाम संकीर्तन और “जय जगन्नाथ” के जयघोष के बीच अपने धाम जगन्नाथ मंदिर, डीवीसी पहुंचे.कोटगढ़ कीर्तन मंडली पूरे मार्ग में संकीर्तन करती रही और हजारों श्रद्धालुओं ने रथ खींचकर अपनी आस्था व्यक्त की। महिलाओं,

बच्चों और बुजुर्गों की बड़ी भागीदारी रही.रथयात्रा कमेटी के सभी सदस्य शुरुआत से लेकर समापन तक पूरी व्यवस्था में जुटे रहे.वहीं नोवामुंडी पुलिस प्रशासन की टीम और टाटा स्टील की सिक्योरिटी टीम भी शुरू से अंत तक श्रद्धालुओं के साथ सुरक्षा व्यवस्था में मुस्तैद रही.नोवामुंडी थाना की सब-इंस्पेक्टर पूर्णिमा कुमारी एवं एएसआई विनोद सिंह दल-बल के साथ पूरे मार्ग में सुरक्षा व्यवस्था संभाले रहे.


जगन्नाथपुर के एसडीओ अरुण उरांव तथा नोवामुंडी के बीडीओ पप्पू रजक भी रथयात्रा में शामिल हुए और सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया.पुलिस एवं सुरक्षा कर्मियों की सतर्कता के कारण पूरे आयोजन के दौरान कहीं भी किसी अप्रिय घटना की सूचना नहीं मिली और रथयात्रा पूरी तरह शांतिपूर्ण एवं सफल रही.

मंदिर पहुंचने के बाद विधि-विधान से पूजा-अर्चना, महाआरती और महाप्रसाद वितरण किया गया.इसके बाद भगवान जगन्नाथ, बलभद्र और सुभद्रा को विधिवत उनके निज धाम जगन्नाथ मंदिर, डीवीसी में पुनः विराजमान कराया गया
