
नोवामुन्डी (प्रतिनिधि): झालसा रांची एवं प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकार मोहम्मद शाकिर के निर्देश पर नोवामुन्डी प्रखण्ड के बड़ा जामदा में बाल विवाह, डायन कुप्रथा और बाल श्रम के खिलाफ कानूनी जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। 90 दिवसीय गहन जागरूकता अभियान के तहत आयोजित इस कार्यक्रम में ग्रामीणों को सामाजिक कुरीतियों के खिलाफ मुखर होने और जागरूक रहने का संदेश दिया गया।
कार्यक्रम को मुख्य रूप से संबोधित करते हुए जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव रवि चौधरी ने कहा कि डायन कुप्रथा महज एक अंधविश्वास नहीं, बल्कि एक गंभीर सामाजिक और कानूनी अपराध है। उन्होंने जमीनी हकीकत उजागर करते हुए कहा कि कई मामलों में संपत्ति हड़पने या पुरानी दुश्मनी निकालने की नीयत से महिलाओं को जानबूझकर डायन बताकर प्रताड़ित किया जाता है। किसी भी व्यक्ति को डायन कहना उसके मानव अधिकारों का उल्लंघन है और यह पूरी तरह अमानवीय कृत्य है। ऐसा करने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा और उन्हें कड़ी कानूनी कार्रवाई का सामना करना पड़ेगा। उन्होंने लोगों से बच्चों की शिक्षा, सुरक्षा और उनके स्वाभाविक विकास के लिए बाल विवाह और बाल श्रम जैसी कुरीतियों के खिलाफ अपनी जिम्मेदारी निभाने की अपील की।
इसी क्रम में महिला थाना प्रभारी नोवामुंडी विनीता कुमारी ने कहा कि डायन प्रथा और बाल विवाह जैसी कुरीतियां आधुनिक समाज के लिए एक गंभीर चुनौती हैं। उन्होंने ग्रामीणों से पुरजोर अपील की कि किसी भी महिला को डायन कहकर प्रताड़ित न करें और समाज में ऐसी कोई भी घटना दिखने पर तुरंत पुलिस को इसकी सूचना दें। उन्होंने भरोसा दिलाया कि कानून महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा के लिए पूरी तरह तत्पर है तथा जागरूकता के माध्यम से ही इन सामाजिक बुराइयों को समाप्त किया जा सकता है।
आगे कार्यक्रम में बड़ा जामदा की उप प्रमुख ज्योति दास ने भी लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि समाज के वास्तविक विकास के लिए बाल विवाह और अंधविश्वास जैसी रूढ़िवादी परंपराओं को जड़ से खत्म करना बेहद जरूरी है। उन्होंने सभी से कानून के प्रति जागरूक रहने की अपील की।
इस विशेष जागरूकता शिविर के अवसर पर विद्यालय के प्रधानाध्यापक राजकुमार सिंह, महिला थाना प्रभारी विनीता कुमारी, लीगल डिफेंस काउंसिल के प्रमुख सुरेंद्र प्रसाद, अधिकार मित्र प्रमिला पात्रों, मदन किशोर एवं विनीता सडिल सहित भारी संख्या में स्थानीय ग्रामीण उपस्थित थे। उपरोक्त जानकारी जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव रवि चौधरी ने दी।
