
मजदूरी कर गुजर-बसर करने वाले परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़, पिलर के पास ही पड़ा रहा शव

नोवामुंडी | प्रतिनिधि नोवामुंडी रेलवे फाटक ओवरब्रिज के नीचे गुरुवार दोपहर एक हृदयविदारक दृश्य देखने को मिला। यहाँ पिलर नंबर 11 के पास अस्थायी ठिकाने में रह रही वृद्ध महिला गुरुवारी बोदरा की सोते-सोते मौत हो गई। परिजनों के मुताबिक वृद्धा पिछले दो-तीन दिनों से बीमार चल रही थी और गुरुवार दोपहर करीब 3 बजे उसने अंतिम सांस ली।
खुले आसमान के नीचे जिंदगी और मौत मृतका की बेटी सोनी ने बताया कि उनका परिवार ओवरब्रिज के नीचे शरण लेकर मजदूरी करता है। गुरुवार को जब गुरुवारी आराम कर रही थी, तभी अचानक उसका निधन हो गया। शाम तक वृद्धा का शव उसी पिलर के पास पड़ा रहा, जहाँ वे रहते थे। मृतका के पुत्र उल्लू व बदरी और पुत्रियां सोनी, दीपा व अंजलि अपने स्तर पर ही अंतिम संस्कार की तैयारियों में जुटे रहे।
अव्यवस्थाओं के बीच रहने को मजबूर लोग इस घटना ने ओवरब्रिज के नीचे की बदहाली को एक बार फिर उजागर कर दिया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यहाँ रहने वाले लोगों की संख्या फिर से बढ़ने लगी है। पिलर नंबर 13 के पास स्थित बंद पान गुमटी अब असामाजिक तत्वों और नशा करने वालों का अड्डा बन चुकी है।
सुरक्षा पर उठते सवाल स्थानीय नागरिकों ने चिंता जताते हुए कहा कि ओवरब्रिज के नीचे बढ़ते जमावड़े के कारण इलाके में चोरी और नशे की घटनाएं बढ़ रही हैं। छोटे बच्चों को भी इन गलत गतिविधियों में धकेला जा रहा है। लोगों ने मांग की है कि इस क्षेत्र में बढ़ती अव्यवस्था को दूर कर सार्वजनिक सुरक्षा सुनिश्चित की जाए ताकि आम राहगीरों को परेशानियों का सामना न करना पड़े।
