
आज दिनांक 31/7/2025, गुरुवार गोस्वामी तुलसी दास जयंती वंदना सभा में मनाया गया। कार्यक्रम का उद्घाटन प्रधानाचार्या महोदया श्रीमती सीमा पालित जी (गुरुमा) द्वारा गोस्वामी तुलसीदास जी के छायाचित्र में माल्यार्पण एवं पुष्पर्पण कर किया गया। बहनों द्वारा सुंदर भजन एवं नृत्य प्रस्तुत किया गया। बहन राशि राउत द्वारा गोस्वामी तुलसीदास जी की जीवनी पर प्रकाश डालीं। प्रधानाचार्या महोदया जी ने बताया कि गोस्वामी तुलसीदास जी की जीवनी जन जन के लिए प्रेरणादाई है।

गोस्वामी तुलसी जयंती जी उपलक्ष्य में भैया बहन की विभिन्न प्रतियोगिताएं रखी गई।
कक्षा द्वितीय और तृतीय की सुलेख प्रतियोगिता, चतुर्थ और पंचम कक्षा की चित्रांकन प्रतियोगिता और कक्षा षष्ठ से दशम तक के भैया – बहनों की निबंध प्रतियोगिता रखी गई।
विद्या विकास समिति द्वारा पंच प्राण के अंतर्गत एक प्राण पर्यावरण संरक्षण के आह्वान पर माताओं के लिए हरियाली तीज प्रतियोगिता हुई जिसमें लगभग 35 माताओं ने अंशग्रहण किया।
कार्यक्रम का शुभारंभ स्थानीय विद्यालय की प्रधानाचार्या श्रीमती सीमा पालित गुरु मां एवं माताओं के द्वारा संत तुलसीदास जी के छायाचित्र पर दीप प्रज्वलन एवं माल्यार्पण कर किया गया।
कार्यक्रम का उद्बोधन गुरु मां ने देते हुए कहा कि विद्या विकास समिति ने पंच प्राण के अंतर्गत पर्यावरण संरक्षण का आह्वान किया है जिसके तहत मातृ शक्ति के द्वारा यह हरियाली दिवस कार्यक्रम रखा गया है कथन में आगे उन्होंने कहा कि प्रतियोगिता तो एक बहाना है माताओं को पर्यावरण से जोड़ना ही इस कार्यक्रम का उद्देश्य है।
कार्यक्रम में भैया बहनों द्वारा एक मनमोहक नृत्य प्रस्तुत किया गया।
इस कार्यक्रम में दो प्रतियोगिताएं रखी गई है जिसमें एक सावन क्वीन तथा दूसरा म्यूजिकल चेयर रखा गया।
सावन क्वीन का तीन चरणों में समापन हुआ जिसमें माताओं ने पहले चरण में रैम्प वॉक किया दूसरे चरण में पौधे सह गमले की सजावट तीसरे चरण में पर्यावरण पर आधारित 30 सेकंड तक अपनी भावनाएं व्यक्त किए।
सावन क्वीन में प्रथम स्थान शीला अग्रवाल द्वितीय स्थान माला शर्मा तृतीय स्थान मंजू ठाकुर एवं प्रियंका करनानी को प्राप्त हुआ। म्यूजिकल चेयर में प्रथम स्थान विमला दास द्वितीय स्थान रुपा कुमारी तृतीय स्थान पूनम गिरि को प्राप्त हुआ। अंत में बहन हंसिका सन्पूरिया द्वारा शांति मंत्र के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ। कार्यक्रम में विद्यालय के सभी दीदी जी उपस्थित रहे।

