
जमशेदपुर के जन विकास मंच के अध्यक्ष एवं पूर्व लोकसभा प्रत्याशी सौरभ विष्णु ने टाटा स्टील एवं क्लब प्रबंधन से जमशेदपुर एफसी (Jamshedpur FC) को बंद करने के निर्णय पर पुनर्विचार करने की अपील की है।सौरभ विष्णु ने बताया टाटा स्टील ने वर्ष 2017 में जमशेदपुर एफसी की स्थापना कर शहर और झारखंड के युवाओं को एक बड़ा मंच दिया । क्लब ने 2021-22 सीजन में शानदार प्रदर्शन करते हुए लीग विनर्स शील्ड जीतकर पूरे देश में जमशेदपुर का नाम रोशन किया। लेकिन स्थापना के लगभग नौ वर्ष बाद वर्ष 2026 में क्लब को बंद करने का निर्णय लिया गया है, जबकि अब तक इसके पीछे कोई ठोस कारण सार्वजनिक नहीं किया गया है।जमशेदपुर एफसी केवल एक फुटबॉल क्लब नहीं, बल्कि झारखंड और देश के हजारों युवाओं के सपनों का मंच है। यहां से गली-मोहल्लों के प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को राष्ट्रीय स्तर तक पहुंचने का अवसर मिला है। क्लब ने युवाओं को नशे जैसी बुरी आदतों से दूर रखकर खेल के प्रति प्रेरित किया है।विष्णु ने कहा कि आज जब शहर में अपराध और नशे की समस्या लगातार बढ़ रही है, ऐसे समय में जमशेदपुर एफसी युवाओं के लिए एकमात्र चमकता हुआ “नॉर्थ स्टार” है। इसे बंद कर देना शहर और आने वाली पीढ़ी के लिए बहुत बड़ी भूल होगी। इससे खिलाड़ियों, कोच, स्टाफ और हजारों फुटबॉल प्रेमियों की भावनाएं आहत होंगी तथा स्थानीय खेल संस्कृति को भी गहरा नुकसान पहुंचेगा।उन्होंने टाटा स्टील से आग्रह किया कि यदि वित्तीय या अन्य कोई चुनौती है तो उसका समाधान निकालकर क्लब का संचालन जारी रखा जाए। टाटा स्टील हमेशा खेलों को बढ़ावा देने के लिए जानी जाती है और उम्मीद है कि वह इस निर्णय पर पुनर्विचार करेगी, क्योंकि यह केवल एक क्लब नहीं बल्कि भारतीय फुटबॉल के भविष्य और हजारों युवाओं के सपनों का सवाल है।
