
प्रतिनिधि, नोवामुंडीनोवामुंडी प्रखंड के कातिकोड़ा क्षेत्र स्थित दामकासाई गांव में शुक्रवार देर रात करीब 10 जंगली हाथियों के झुंड ने भारी उत्पात मचाया.हाथियों ने गांव निवासी गोरख लागुरी के मिट्टी के घर को क्षतिग्रस्त कर दिया.इसके बाद झुंड धान की तलाश में आसपास के खेतों में पहुंच गया, जहां हाल ही में रोपे गए धान के पौधों को पूरी तरह रौंद डाला इससे किसानों को भारी नुकसान हुआ है.हाथियों के लगातार गांव और आसपास के इलाकों में घूमने से पूरे क्षेत्र में दहशत का माहौल है.

ग्रामीण रातभर टॉर्च जलाकर और टायर जलाते हुए हाथियों पर नजर बनाए रखे हुए हैं, ताकि उन्हें गांव में प्रवेश करने से रोका जा सके हाथियों के भय से लोगों की रातों की नींद उड़ गई है.इस संबंध में वन विभाग के अधिकारियों से बातचीत करने पर बताया गया कि विभाग की टीम लगातार हाथियों के झुंड को आबादी से दूर भगाने में जुटी हुई है.अधिकारियों के अनुसार, लगभग 10 हाथियों का यह दल फिलहाल वाहदा वन क्षेत्र की ओर बढ़ रहा है.वन विभाग ने स्पष्ट किया है कि हाथियों द्वारा जिन लोगों के घर या फसलों को नुकसान पहुंचा है

, उन्हें विभागीय नियमों के अनुसार मुआवजा दिया जाएगा.साथ ही ग्रामीणों से अपील की गई है कि वे किसी भी स्थिति में हाथियों के पास जाने की कोशिश न करें.हाथी दिखाई देने पर तुरंत वन विभाग को सूचना दें, ताकि किसी भी अप्रिय घटना से बचा जा सके.ग्रामीणों ने वन विभाग से प्रभावित गांवों में लगातार निगरानी रखने और हाथियों के झुंड को जल्द से जल्द आबादी से दूर सुरक्षित वन क्षेत्र में पहुंचाने की मांग की है। फिलहाल पूरे इलाके में भय और सतर्कता का माहौल बना हुआ है
