
नोवामुंडी। स्थानीय पद्मावती जैन सरस्वती शिशु मंदिर में शनिवार को बाल संसद चुनाव का एक अनोखा और तकनीकी रूप से उन्नत आयोजन संपन्न हुआ। इस चुनाव की खास बात यह रही कि इसमें मतदान के लिए विद्यालय की ‘अटल टिंकरिंग लैब’ में छात्रों द्वारा स्वयं निर्मित ईवीएम मशीन का उपयोग किया गया। इस पहल के माध्यम से विद्यार्थियों ने न केवल अपनी तकनीकी कुशलता का प्रदर्शन किया, बल्कि लोकतांत्रिक निर्वाचन प्रक्रिया का प्रत्यक्ष अनुभव भी प्राप्त किया।

चुनाव में प्रधानमंत्री और सेनापति के महत्वपूर्ण पदों के लिए कुल छह-छह उम्मीदवारों ने अपना नामांकन दाखिल किया था। मतदान से पूर्व दो दिनों तक विद्यालय परिसर में उम्मीदवारों द्वारा किए गए सघन प्रचार-प्रसार से पूरे विद्यालय में उत्साहपूर्ण चुनावी माहौल बना रहा। मतदान के दिन वंदना सभा में शिक्षकों द्वारा बच्चों को लोकतांत्रिक मूल्यों और मतदान की बारीकियों के बारे में विस्तार से समझाया गया। इसके पश्चात कक्षा चतुर्थ से दशम तक के विद्यार्थियों ने कतारबद्ध होकर पूरी अनुशासन के साथ मतदान प्रक्रिया में भाग लिया। ईवीएम मशीन पर प्रत्याशियों के नाम के साथ-साथ उनके छायाचित्र भी अंकित थे, जिससे छोटे बच्चों को भी मतदान करने में काफी सुगमता हुई।

इस अवसर पर विद्यालय की प्रधानाचार्या सीमा पालित, विद्यालय कार्यकारिणी प्रबंध समिति के अध्यक्ष सुनील कुमार सिंह और सचिव चितरंजन बेहरा ने भी स्वयं मतदान कर बच्चों का उत्साहवर्धन किया। पूरी चुनावी प्रक्रिया गायत्री सुलंकी, बैजंती और निकिता कुमारी के नेतृत्व में शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई। विद्यालय प्रबंधन के अनुसार, इस तरह के आयोजनों से बच्चों में नेतृत्व क्षमता, जिम्मेदारी का अहसास और भविष्य के जागरूक नागरिक बनने की प्रेरणा जागृत होती है।

चुनाव के परिणामों की घोषणा के बाद विद्यालय में खुशी का माहौल रहा। प्रधानमंत्री पद के लिए निखिल नायक ने कड़े मुकाबले में 104 मत प्राप्त कर अपने निकटतम प्रतिद्वंदी अमित सामड (94 मत) को 10 वोटों के अंतर से पराजित किया। वहीं, सेनापति पद के लिए आराध्या कुमारी को 97 वोट मिले, जबकि सिया पान को 75 वोट प्राप्त हुए। आराध्या कुमारी ने 22 मतों के अंतर से जीत दर्ज कर सेनापति का पद अपने नाम किया। विद्यालय के सभी आचार्यों और कर्मचारियों ने विजयी छात्र-छात्राओं को उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं।
