
पेड़ पौधों की सेवा करने वाले को मिला “तरु मित्र” सम्मान
जमशेदपुर:आनंद मार्ग यूनिवर्सल रिलीफ टीम ग्लोबल एवं प्रिवेंशन ऑफ़ क्रुएलिटी टू एनिमल्स एंड प्लांट्स की ओर से एक सम्मान समारोह का आयोजन किया गया । इस सम्मान समारोह में जितने भी आनंद मार्ग से जुड़े पर्यावरण प्रेमी है, उन पर्यावरण प्रेमियों को “तरु मित्र “सम्मान से सम्मानित किया । आनंद मार्ग के द्वारा प्रत्येक वर्ष लगभग छोटे-बड़े 7,000 पौधे का वितरण निशुल्क किया जाता है इस पौधा वितरण कार्यक्रम में जो भी पर्यावरण प्रेमी है वह पौधा लेकर अपने बागान या बगीचे में लगाते हैं उसे पेड़ का रूप देते हैं, वैसे पर्यावरण प्रेमी जो आज तक अपने पौधे को सेवा करके बड़े रूप दिए हैं एवं पर्यावरण को लाभ पहुंचाने में मदद कर रहे हैं वैसे पर्यावरण प्रेमियों को आनंद मार्ग सम्मानित कर रहा है शहर के ही लक्ष्मी नगर के शिक्षक सतीश सर है,बच्चों का कोचिंग इंस्टिट्यूट भी चलाते हैं उन्होंने एक गंदगी से भरी जमीन को साफ कर और पेड़ के घेरा से घेर कर उसे एक बड़े बागान का रूप दिया और पौधे की सिंचाई के लिए गंदे पानी को साफ कर सिंचाई युक्त बनाएं । सतीश सर को आनंद मार्ग ने तरु मित्र सम्मान से सम्मानित किया । सुबोध सरदार गदरा पूर्व प्रशासनिक सेवा ,सुनील मिश्रा बागबेड़ा , लोकेश मंडल चिल्यामा राजनगर, बालमुकुंद साहू सरायकेला , बंटी सोनारी एवं अन्य लगभग 100 लोगों ने भी आनंद मार्ग के पर्यावरण सिद्धांत से प्रभावित होकर निशुल्क पौधा वितरण कार्यक्रम का लाभ उठाकर उनका रोपण भी किए हैं और पेड़ का रूप दिए ऐसे 100 से भी ज्यादा पर्यावरण प्रेमियों को आनंद मार्ग तरु मित्र सम्मान से मोमेंटो एवं पौध देकर सम्मानित किया। आनंद मार्ग के सुनील आनंद ने कहा कि पर्यावरण को बचाने के लिए लोगों के मन में पेड़ पौधे जीव जंतु के प्रति भावात्मक लगाव को मजबूत करना होगा

, नव्य-मानवतावाद के अनुसार जब तक हम पेड़ पौधों को जीव जंतु को अपने परिवार के सदस्य के रूप में स्वीकार नहीं करेंगे ,तब तक सृष्टि पर पर्यावरण संतुलन लाना मुश्किल है सृष्टि पर तमोगुण के प्रभाव को कम करने के लिए मनुष्य को आत्मा ज्ञानी होना बहुत जरूरी।
