
नोवामुंडी स्थित सेंट मैरी चर्च में रविवार को खजूर पर्व (पाम संडे) अत्यंत श्रद्धा, भक्ति और हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। प्रभु यीशु मसीह के येरूसलम में विजय प्रवेश की स्मृति में आयोजित इस कार्यक्रम में ख्रीस्तीय समुदाय के सैकड़ों विश्वासियों ने हिस्सा लिया, जिससे पूरा चर्च परिसर आध्यात्मिक ऊर्जा से भर उठा।
आशीष के बाद निकली भव्य शोभायात्रा

पर्व की शुरुआत प्रातः 7:30 बजे पुरोहित द्वारा खजूर की डालियों पर विशेष आशीष प्रदान करने के साथ हुई। इसके पश्चात एक मनोहारी शोभायात्रा निकाली गई, जो पुराने गिरजाघर से प्रारंभ होकर टाटा स्टील केमिस्ट्री प्रयोगशाला मार्ग होते हुए पुनः चर्च प्रांगण पहुंची। शोभायात्रा के दौरान श्रद्धालु अपने हाथों में खजूर की डालियां लिए “दाऊद के पुत्र को होसन्ना” के जयघोष कर रहे थे।

पुण्य सप्ताह का हुआ शुभारंभ

शोभायात्रा के समापन पर पल्ली पुरोहित फादर जॉर्ज एक्का द्वारा पवित्र मिस्सा बलिदान संपन्न कराया गया। अपने प्रवचन में उन्होंने इस पर्व के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा:
”खजूर रविवार के साथ ही हम पुण्य सप्ताह (Holy Week) में प्रवेश कर रहे हैं। यह समय प्रभु यीशु के त्याग, दुखभोग और उनके पुनरुत्थान को अपने जीवन में उतारने का है।”उन्होंने समुदाय से अपील की कि वे ‘गुड फ्राइडे’ के दिन उपवास, विशेष प्रार्थना और परहेज रखकर आत्मिक शक्ति प्राप्त करें।

इनकी रही गरिमामयी उपस्थिति

इस धार्मिक अनुष्ठान में मुख्य रूप से फादर जॉर्ज एक्का, सिस्टर लिसयू, सलोमी धनवार, अनुपम शिशिर धनवार, किशोर धनवार, रवि वेक, बीनसेट एक्का, अजीत होरो, मनोज लकड़ा, हरिसन टियू, अनुभा प्रीति कुजुर, हेम गुलाबी एक्का, संगीता लकड़ा एवं प्रतिमा कांडुलना सहित बड़ी संख्या में मसीही विश्वासी उपस्थित थे। यह आयोजन क्षेत्र में प्रेम, एकता और अटूट आस्था का प्रतीक बना।
