
विसर्जन के दौरान लाइट और पानी की व्यवस्था नहीं होने से बढ़ता है हादसे का खतरा, जिला प्रशासन से ठोस व्यवस्था की मांग
जमशेदपुर। शहर में काली पूजा के दौरान विभिन्न पूजा समितियों द्वारा आयोजित कार्यक्रमों और प्रतिमा विसर्जन को लेकर सामाजिक कार्यकर्ता अप्पू तिवारी ने केंद्रीय दुर्गा पूजा कमिटी की तर्ज पर केंद्रीय काली पूजा कमिटी के गठन की मांग की है। उन्होंने कहा कि शहर में दुर्गा पूजा के लिए जिस प्रकार केंद्रीय स्तर पर समन्वय और व्यवस्था की जाती है, उसी तर्ज पर काली पूजा समितियों को भी एक केंद्रीय मंच के माध्यम से जोड़ने की आवश्यकता है।
अप्पू तिवारी ने कहा कि काली पूजा के बाद प्रतिमा विसर्जन के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु और पूजा समितियों के सदस्य सड़कों पर निकलते हैं। ऐसे समय में जिला प्रशासन की ओर से पर्याप्त रोशनी और पेयजल की व्यवस्था नहीं होने से श्रद्धालुओं को काफी परेशानी होती है। अंधेरे और भीड़भाड़ वाले स्थानों पर दुर्घटना की आशंका बनी रहती है और कभी भी कोई अप्रिय घटना हो सकती है।
उन्होंने कहा कि विसर्जन जुलूस देर रात तक चलता है, ऐसे में प्रमुख विसर्जन मार्गों, चौक-चौराहों और नदी घाटों के आसपास पर्याप्त लाइटिंग, पेयजल, मेडिकल सुविधा, बैरिकेडिंग और सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करना जिला प्रशासन की प्राथमिकता होनी चाहिए।
उन्होंने जिला प्रशासन से मांग करते हुए कहा कि काली पूजा से पहले सभी पूजा समितियों के साथ बैठक कर विसर्जन मार्ग और घाटों का निरीक्षण किया जाए तथा आवश्यक सुविधाओं की सूची तैयार कर समय रहते व्यवस्था पूरी की जाए।
अप्पू तिवारी ने कहा कि केंद्रीय काली पूजा कमिटी बनने से शहर की तमाम काली पूजा समितियों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित होगा। इससे प्रशासन और पूजा समितियों के बीच संवाद भी मजबूत होगा तथा विसर्जन के दौरान होने वाली परेशानियों का समाधान पहले से किया जा सकेगा।
उन्होंने प्रशासन से अपील की कि किसी अप्रिय घटना का इंतजार करने के बजाय पहले से तैयारी और सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, ताकि काली पूजा और विसर्जन शांतिपूर्ण, सुरक्षित एवं व्यवस्थित तरीके से संपन्न हो सके।
