
नोवामुंडी, 06 अक्टूबर 2026। पद्मावती जैन सरस्वती शिशु मंदिर, नोवामुंडी में 01 से 06 अक्टूबर तक आयोजित विभाग स्तरीय छह दिवसीय घोष प्रशिक्षण वर्ग का समापन मंगलवार को गरिमामय एवं उत्साहपूर्ण वातावरण में हुआ। कार्यक्रम का शुभारंभ क्षेत्रीय घोष प्रशिक्षक राजेश प्रसाद, विद्यालय प्रबंध समिति के अध्यक्ष सुनील कुमार सिंह, सह सचिव चितरंजन बेहरा, कोषाध्यक्ष मालती लागुरी, पूर्व सचिव रामस्वरूप पोद्दार, जगन्नाथपुर संकुल प्रमुख सह प्रधानाचार्य अरविन्द पाण्डेय एवं विद्यालय की प्रधानाचार्या सीमा पालित ‘गुरु माँ’ ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया

।समारोह में विद्यालय प्रबंध समिति के पूर्व सचिव रामस्वरूप पोद्दार को अंगवस्त्र प्रदान कर सम्मानित किया गया। इसके बाद प्रवासी घोष प्रशिक्षक सलमान होजाईस आचार्य ने छह दिवसीय प्रशिक्षण वर्ग का वृत्त प्रस्तुत करते हुए प्रशिक्षण के दौरान कराई गई घोष वादन की विभिन्न गतिविधियों की जानकारी दी।प्रशिक्षण के दौरान कुल 27 घोष कक्षाएं आयोजित की गईं। आगामी दिल्ली कार्यक्रम को ध्यान में रखते हुए प्रभात, अतिथि वंदन, श्री गणेश, पताका रोहण एवं लव-कुश जैसी रचनाओं का प्रशिक्षण भैया-बहनों को दिया गया। प्रशिक्षण के उपरांत घोष दल ने विभिन्न रचनाओं का आकर्षक एवं अनुशासित प्रदर्शन कर उपस्थित लोगों की खूब सराहना बटोरी।इस अवसर पर समिति अध्यक्ष सुनील कुमार सिंह ने प्रशिक्षणार्थियों एवं आचार्य दीदी जी को आशीर्वचन देते हुए कहा कि घोष प्रशिक्षण से बच्चों में अनुशासन,

एकाग्रता, सामूहिकता और राष्ट्रभावना को मजबूती मिलती है। उन्होंने सभी के उज्ज्वल भविष्य की कामना की।अंत में क्षेत्रीय घोष प्रशिक्षक राजेश प्रसाद ने धन्यवाद ज्ञापन करते हुए प्रशिक्षण वर्ग को सफल बनाने में सहयोग देने वाले सभी पदाधिकारियों, प्रशिक्षकों, आचार्य दीदी जी, भैया-बहनों एवं विद्यालय परिवार के प्रति आभार जताया।समापन समारोह में पूरे समय उत्साह और आनंद का माहौल रहा। प्रशिक्षण वर्ग ने बच्चों में घोष वादन के साथ-साथ अनुशासन, समर्पण, टीम भावना एवं राष्ट्रभक्ति की भावना को विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
