
प्रतिनिधि, नोवामुंडी।नोवामुंडी ओवरब्रिज इन दिनों बदहाल व्यवस्था की तस्वीर पेश कर रहा है। पिलर नंबर ए-1 से थाना क्षेत्र तक ब्रिज की नियमित सफाई नहीं होने के कारण जगह-जगह मिट्टी और गंदगी जमा है। लंबे समय से सफाई नहीं होने के कारण मिट्टी के बीच घास उग आई है, वहीं ब्रिज की दीवारों और अन्य हिस्सों में पीपल और बरगद के पेड़ तक जड़ जमा चुके हैं। इससे ब्रिज के रखरखाव पर भी सवाल उठ रहे हैं।ब्रिज के ऊपर मुख्य सड़क और फुटपाथ पर गायों का जमावड़ा लगा रहता है।

जगह-जगह गोबर फैले रहने से पैदल राहगीरों को आने-जाने में परेशानी होती है। स्थानीय लोगों के अनुसार, गंदगी और फिसलन के कारण राहगीरों के फिसलकर गिरने की शिकायतें भी सामने आई हैं।सीढ़ियों की स्थिति भी खराब है। सीढ़ियों पर पान-गुटखे की पीक, चाय के इस्तेमाल किए गए कप और अन्य कचरा बिखरा पड़ा है। इससे महिलाओं और स्कूली छात्राओं को भी परेशानी का सामना करना पड़ता है।ऑटोमेटिक चेंजर खराब, शाम ढलते ही कई घंटे अंधेरे में ब्रिजओवरब्रिज की स्ट्रीट लाइट व्यवस्था भी लोगों के लिए परेशानी का कारण बनी हुई है।

लाइटों को स्वचालित रूप से चालू करने वाला चेंजर खराब हो चुका है। इसके कारण शाम होने के बाद लाइटें अपने आप नहीं जलतीं। जब तक संबंधित कर्मचारी स्विच ऑन नहीं करते, तब तक ब्रिज के कई हिस्से कई घंटे तक अंधेरे में रहते हैं।इसके अलावा सात से अधिक स्ट्रीट लाइट खराब होने की भी बात सामने आ रही है। शाम के समय ब्रिज पर पर्याप्त रोशनी नहीं रहने से पैदल राहगीरों के साथ वाहन चालकों को भी परेशानी होती है।स्थानीय लोगों ने प्रशासन से ओवरब्रिज की तत्काल सफाई कराने, दीवारों में उगे पीपल-बरगद और घास को हटाने, जलनिकासी व्यवस्था दुरुस्त करने, खराब स्ट्रीट लाइटों की मरम्मत कराने और ऑटोमेटिक चेंजर को जल्द ठीक कराने की मांग की है। लोगों ने ब्रिज की नियमित सफाई और निगरानी व्यवस्था सुनिश्चित करने की भी मांग उठाई है।
